प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने वीडियो कांफ्रेंस के जरिए लखनऊ में ‘कृषि कुंभ’ को संबोधित किया

5
(50)

प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने आज वीडियो कांफ्रेंस के जरिए लखनऊ में ‘कृषि कुंभ’ को संबोधित किया। प्रधानमंत्री ने विश्‍वास जताया कि इस कृषि कुंभ से कृषि क्षेत्र में नई प्रौद्योगिकी को अपनाने और बेहतर अवसर सृजित करने का मार्ग प्रशस्‍त होगा।

प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी ने वीडियो कांफ्रेंस के जरिए लखनऊ में ‘कृषि कुंभ’ को संबोधित किया

प्रधानमंत्री ने खाद्यान्‍न की खरीद में उल्‍लेखनीय वृद्धि सुनिश्चित करने के लिए उत्‍तर प्रदेश सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों के लिए उसकी सराहना की। उन्‍होंने विशेष जोर देते हुए कहा कि किसानों की बदौलत ही देश आगे बढ़ता है। उन्‍होंने वर्ष 2022 तक किसानों की आमदनी दोगुनी करने के लिए केन्‍द्र सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई। इस संदर्भ में उन्‍होंने कच्‍चे माल की लागत कम करने और मुनाफा बढ़ाने के लिए सरकार द्वारा उठाए गए विभिन्‍न कदमों का उल्‍लेख किया। उन्‍होंने कहा कि निकट भविष्‍य में बड़ी संख्‍या में सोलर पम्‍प देश भर के खेतों में लगाए जाएंगे। प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार विज्ञान के लाभ कृषि क्षेत्र को सुलभ कराने की दिशा काम कर रही है। उन्‍होंने कहा कि वाराणसी में चावल शोध केन्‍द्र स्‍थापित किया जा रहा है, जो इस दिशा में एक अहम कदम है।

और देखें :  पंतनगर किसान मेला में होंगे किसानों हेतु विशेष आकर्षण

प्रधानमंत्री ने कृषि क्षेत्र में मूल्‍यवर्धन की अहमियत का भी उल्‍लेख किया। उन्‍होंने खाद्य प्रसंस्‍करण क्षेत्र में उठाए जा रहे कदमों का जिक्र किया। उन्‍होंने कहा कि हरित क्रांति के बाद अब दुग्‍ध उत्‍पादन एवं शहद उत्‍पादन के साथ-साथ पोल्‍ट्री और मत्‍स्‍य पालन पर भी विशेष जोर दिया जा रहा है।

प्रधानमंत्री ने इस कृषि कुंभ के दौरान जल संसाधनों के समुचित उपयोग, भंडारण के लिए बेहतर तकनीक अपनाने और खेती-बाड़ी में नवीनतम प्रौद्योगिकी का इस्‍तेमाल करने जैसे मुद्दों पर विचार-विमर्श करने की जरूरत बताई। उन्‍होंने ऐसी नई प्रौद्योगिकियां एवं तौर-तरीके विकसित करने की जरूरत पर विशेष बल दिया, जिससे आगे चलकर किसानों को पराली जलाने की जरूरत ही नहीं पड़ेगी।

और देखें :  तरल दुग्ध एवं दुग्ध पदार्थों की विपणन व्यवस्था को सुदृढ़ किया जाय पशुधन, मत्स्य एवं दुग्ध विकास मंत्री उत्तर प्रदेश

यह लेख कितना उपयोगी था?

इस लेख की समीक्षा करने के लिए स्टार पर क्लिक करें!

औसत रेटिंग 5 ⭐ (50 Review)

अब तक कोई समीक्षा नहीं! इस लेख की समीक्षा करने वाले पहले व्यक्ति बनें।

हमें खेद है कि यह लेख आपके लिए उपयोगी नहीं थी!

कृपया हमें इस लेख में सुधार करने में मदद करें!

हमें बताएं कि हम इस लेख को कैसे सुधार सकते हैं?

Author

और देखें :  IVRI को पांच राष्ट्रिय पुरष्कारों से सम्मानित किया गया

Be the first to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.


*